पार करेंगे नैया रे, भज कृष्ण कन्हैया,कृष्ण कन्हैया, दाऊजी के भैया।कृष्ण कन्हैया, बंशी बजैया, माखन चुरैया रे,भज कृष्ण कन्हैया॥ 1॥
कृष्ण कन्हैया, गिरवर उठैया, कृष्ण कन्हैया रास रचैया॥ 2॥ पार करेंगे ........... मित्र सुदामा तन्दुल लाये, गले लगा प्रभु भोग लगाये, कहाँ रहे हो भैया रे॥ 3॥ भज.... अर्जुन का रथ रण में हाँका, सांवलिया गिरिधारी बाँका, कालीनाग नथैया रे॥ 4॥ भज.... द्रुपदसुता जब दुष्टों ने घेरी, राखि लाज, करि न देरी, आ गये चीर बढ़ैया रे॥ 5॥ भज.....